गुरुवार, 19 अगस्त 2010

कविता के नए सोपान (भाग-2) :: “कविता जटिल संवेदनाओं की अभिव्यक्ति है।”

कविता के नए सोपान (भाग-2)

“कविता जटिल संवेदनाओं की अभिव्यक्ति है।”

प्रयोगवाद के बाद हिंदी कविता की जो नवीन धारा विकसित हुई, वह नई कविता है। जिनमें परंपरागत कविता से आगे नये भावबोधों की अभिव्यक्ति के साथ ही नये मूल्यों और नये शिल्प-विधान का अन्वेषण किया गया।  श्री लक्ष्मीकांत वर्मा नयी कविता के प्रसिद्ध सिद्धांतकार और कवि हैं। इनकी रचना “नये प्रतिमान पुराने निकष”, “लक्ष्मीकांत वर्मा की प्रतिनिधि रचनाएँ” में संकलित हैं। उनका मानना था,
”कविता आत्मपरक अनुभूति की रागात्मक अभिव्यंजना है।”

अज्ञेय द्वारा सम्पादित एवं प्रकाशित 'तारसप्तक' के सात कवियों में से एक Girijakumar mathur.jpgकवि गिरिजाकुमार माथुर भी हैं। गिरिजाकुमार माथुर का कहना था,

“नयी कविता का तो लक्षण यही है कि वह अत्यंत जटिल अनुभवों को अत्यंत सहज और सर्वग्राह्य रूप में व्यक्त करती है और जटिलताओं को पचाकर उसमें सार्वजनीन सत्य का असल तत्व निकालती है।”

इस परिभाषा में दो महत्वपूर्ण और ध्यान देने वाली बात है। पहली यह कि नयी कविता जटिल संवेदनाओं की अभिव्यक्ति है। और दूसरी बात यह कि माथुर जी द्वारा यह भी कहा गया कि इन जटिल संवेदनाओं को सर्वग्राह्य और सम्प्रेषणीय बनाता है। अर्थात्‌ कवि के विचारों का साधारनीकरण भी उनके लिए एक महत्वपूर्ण प्रश्‍न था।

11 टिप्‍पणियां:

  1. मुझे आपका ब्लॉग बहुत अच्छा लगा! बहुत बढ़िया, महत्वपूर्ण और ज्ञानवर्धक जानकारी प्राप्त हुई आपके आलेख के दौरान! धन्यवाद!
    मेरे ब्लोगों पर आपका स्वागत है!

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  2. वाह्…………………एक बार फिर नया आयाम पढने को मिला कविता का………………आभार्।

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  3. नयी कविता जटिल संवेदनाओं की अभिव्यक्ति है। इन जटिल संवेदनाओं को सर्वग्राह्य और सम्प्रेषणीय बनाता है। अर्थात्‌ कवि के विचारों का साधारनीकरण भी उनके लिए एक महत्वपूर्ण प्रश्‍न था।

    सटीक लगी यह बात ....आज की कविता सरल है ..भावों को लयात्मक ढंग से अभिव्यक्त करने वाली ...उत्तम प्रस्तुति

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  4. साधारणीकरण और सर्वग्राह्यता कविता को कालजयी बनाती है.

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  5. aapke is blog ka har post main padhti jarahi hun aur sath hisath dher saari jankariyan bhi jo nishchit roop se mujhe bahut hi
    sahayog pradaan kar rahi hai iske liye aapko hardik dhanyvaad.aapko bhi aajadi ke parv ki shubh-kamnaaye.
    poonam

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  6. महत्वपूर्ण और ज्ञानवर्धक जानकारी प्राप्त हुई!

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  7. आप की रचना 20 अगस्त, शुक्रवार के चर्चा मंच के लिए ली जा रही है, कृप्या नीचे दिए लिंक पर आ कर अपने सुझाव देकर हमें प्रोत्साहित करें.
    http://charchamanch.blogspot.com

    आभार

    अनामिका

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